इस समय टीसीएस की नासिक ऑफिस में हर पॉलिसी को लेकर भी एक बड़ा विवाह देखा गया है बताया जा रहा कर्मचारियों को धर्म परिवर्तन के लिए उकसाने और उनके ऊपर दबाव डालने जैसे बड़े इल्जाम लगाए जा रहे हैं. लेकिन इस बीच लेंसकार्ट से जुड़ी हुई एक ड्रेस कोड पॉलिसी का डॉक्यूमेंट भी सामने आ गया है हालांकि इस पर लेंसकार्ट के फाउंडर ने अपनी सफाई भी जारी कर दी है.
अब ऐसे नहीं टीसीएस के बाद लेंसकार्ट को भी अपनी गाइड को लेकर आलोचना का सामना करना पड़ गया क्योंकि कंपनी के ड्रेस कोड को लेकर जो लीग डॉक्यूमेंट सामने आया है उसने घोषित कर लिया है आईवियर स्टार्टअप अपने वर्कप्लेस पर कर्मचारियों को हिजाब पहनने की अनुमति दे देता है लेकिन बिंदी तिलक और कलवा पहनने की अनुमति नहीं देता.
Hi @peyushbansal can you please clarify why hijab is okay but bindi/kalawa is not at @Lenskart_com https://t.co/X35F6hoSHa
— Shefali Vaidya. 🇮🇳 (@ShefVaidya) April 15, 2026
वही लेंसकार्ट ऑफिस से जुड़े हुए ड्रेस कोड संबंधी गाइडलाइंस में एक डॉक्यूमेंट लीक हो जाने की वजह से बड़ा विवाद देखा जा रहा है क्योंकि लोगों ने इस बात पर ध्यान भी दिया है कि इसमे वर्कप्लेस पर बिंदी और तिलक लगाने की अनुमति नहीं है लेकिन हिजाब की अनुमति तो दे दी गई है.
Hi, all. I’ve been seeing an inaccurate policy document going viral about Lenskart.
— Peyush Bansal (@peyushbansal) April 15, 2026
I want to speak directly that this document does not reflect our present guidelines.
Our policy has no restrictions on any form of religious expression, including bindi and tilak, and we…
हालांकि डॉक्यूमेंट में हिजाब पहनने की इजाज़त है, लेकिन ऑनलाइन शेयर किए गए ड्रेस कोड डॉक्यूमेंट में कहा गया है कि हिजाब/पगड़ी काली होनी चाहिए। हिजाब से सिर्फ़ शरीर का ऊपरी हिस्सा ढकना चाहिए, पूरा शरीर नहीं। दुकानों में बुर्का पहनना मना है। इसमें यह भी कहा गया है कि बिंदी और क्लच की इजाज़त नहीं है। ऑफिस में घुसने से पहले धार्मिक धागे या कलावा जैसे रिस्टबैंड उतारने होंगे।













