अगर आप पिछले कुछ दिनों से Nothing Phone (4a) खरीदने का मन बना रहे थे और फ्लिपकार्ट पर किसी बैंक डिस्काउंट या सेल का इंतज़ार कर रहे थे, तो आपके लिए एक बेहद हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है। नथिंग कंपनी ने 1 अगस्त 2026 से अपने इस सबसे पॉपुलर स्मार्टफोन की कीमतों में सीधे 3,000 रुपये की भारी बढ़ोतरी कर दी है। सच कहूँ तो 40 हज़ार रुपये के बजट सेगमेंट में नथिंग का यह फोन जिस तरह से अपनी ट्रांसपेरेंट डिज़ाइन और क्लीन ग्लाइफ इंटरफेस के दम पर मार्केट पर कब्ज़ा जमा रहा था, उस हिसाब से इस अचानक हुए प्राइस हाइक ने टेक लवर्स और नए बायर्स दोनों के होश उड़ा दिए हैं। अगर आप भी इस बात से परेशान हैं कि आखिर कंपनी को अचानक दाम क्यों बढ़ाने पड़े और क्या ₹42,999 की नई शुरुआती कीमत पर यह फोन अब भी वैल्यू फॉर मनी बचा है या नहीं, तो इस पूरे आर्टिकल को बिना स्किप किए ध्यान से पढ़ें क्योंकि इसमें मैंने पूरी सच्चाई आसान भाषा में बताई है।
जानिए किस वेरिएंट की कीमत अब कितनी हो गई है?
कीमतों में हुए इस अचानक बदलाव की पूरी गणित को समझें तो नथिंग ने अपने तीनों ही मॉडल पर एक बराबर 3,000 रुपये की बढ़ोतरी की है। 1 अगस्त से पहले तक जिस 8GB रैम और 128GB स्टोरेज वाले बेस वेरिएंट को आप 39,999 रुपये में खरीद सकते थे, उसके लिए अब आपको सीधे 42,999 रुपये चुकाने होंगे। इसी तरह इसका मिड वेरिएंट यानी 8GB रैम और 256GB स्टोरेज वाला मॉडल जो पहले 43,999 रुपये में आसानी से मिल जाता था, वह अब महंगा होकर पूरे 46,999 रुपये का हो चुका है। हद तो तब हो गई जब कंपनी ने इसके सबसे टॉप मॉडल यानी 12GB रैम और 256GB स्टोरेज वाले वेरिएंट की कीमत को 46,999 रुपये से बढ़ाकर सीधे 49,999 रुपये तक पहुँचा दिया। यानी जो फोन कल तक एक मिड-रेंज फ्लैगशिप किलर माना जा रहा था, वह अब लगभग 50 हज़ार रुपये की प्रीमियम कैटेगरी में जाकर खड़ा हो गया है।
नथिंग को क्यों बढ़ानी पड़ी अपने सबसे लोकप्रिय फोन की कीमत?
अब आपके मन में सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा होगा कि आखिर नथिंग को अपने इतने डिमांडिंग और हिट स्मार्टफोन के दाम अचानक से इतने ज़्यादा क्यों बढ़ाने पड़े। टेक इंडस्ट्री के अंदरूनी सूत्रों और बड़े मार्केट एक्सपर्ट्स की मानें तो इसके पीछे किसी एक देश का फैसला नहीं बल्कि ग्लोबल लेवल पर इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट्स की बढ़ती कीमतें हैं। पिछले कुछ महीनों में पूरी दुनिया में सेमीकंडक्टर और खासकर रैम चिप्स (RAM) की सप्लाई काफी प्रभावित हुई है, जिससे इनकी मैन्युफैक्चरिंग कॉस्ट बहुत बढ़ गई है। नथिंग जैसी नई और इनोवेटिव कंपनी जो अपने खास ग्लाइफ लाइटिंग हार्डवेयर और कस्टम-डिज़ाइन बैक पैनल पर पहले से ही काफी खर्च करती है, उसके पास इस बढ़ी हुई कंपोनेंट लागत का थोड़ा सा बोझ ग्राहकों के कंधों पर डालने के अलावा कोई दूसरा रास्ता नहीं बचा था।
क्या नई कीमतों पर अब भी इसे खरीदना समझदारी होगी?
लेकिन एक आम खरीदार के नज़रिए से देखें तो सबसे बड़ा मुद्दा यह है कि क्या इस बढ़ी हुई कीमत पर भी Nothing Phone (4a) खरीदना एक समझदारी भरा फैसला होगा या फिर पैसे किसी और फोन पर लगाने चाहिए। अगर हम फोन के फीचर्स और दैनिक परफॉर्मेंस की बात करें, तो इसमें आपको मीडियाटेक का काफी पावरफुल प्रोसेसर, 120Hz की बेहद खूबसूरत AMOLED डिस्प्ले और 50 मेगापिक्सल का दमदार ओआईएस कैमरा मिलता है। सबसे बड़ी बात यह है कि यह फोन बिना किसी फालतू के ब्लॉटवेयर और विज्ञापनों वाले Nothing OS पर काम करता है। अगर आपकी पहली प्राथमिकता एक ऐसा स्मार्टफोन है जो भीड़ में सबसे अलग दिखे, जिसकी यूआई मक्खन की तरह चले और जिसमें कोई फालतू के थर्ड-पार्टी ऐप्स न हों, तो 3,000 रुपये महंगे होने के बाद भी यह फोन आपको बिल्कुल निराश नहीं करेगा।
नथिंग की जगह मार्केट में कौन से अन्य विकल्प मौजूद हैं?
हालाँकि, अगर आपका बजट बहुत सख्त है और आप 40 हज़ार रुपये की सीमा को पार नहीं करना चाहते, तो 50 हज़ार के करीब पहुँच चुके इस फोन को लेने से पहले आपको बाज़ार में मौजूद दूसरे विकल्पों पर भी एक बार विचार ज़रूर कर लेना चाहिए। इस नए प्राइस ब्रैकेट में अब आपके पास OnePlus और iQOO के कुछ ऐसे धाकड़ ऑप्शंस मौजूद हैं जो हैवी गेमिंग और सुपर-फास्ट चार्जिंग के मामले में इससे दो कदम आगे निकल जाते हैं। मेरी व्यक्तिगत सलाह यही होगी कि अगर आपको नथिंग का यूनिक लुक और साफ़-सुथरा सॉफ्टवेयर ही सबसे ज़्यादा पसंद है, तो तुरंत जल्दबाज़ी में पूरी कीमत देने के बजाय आपको आने वाली किसी बड़ी फेस्टिवल सेल का इंतज़ार कर लेना चाहिए जहाँ बैंक ऑफर्स और एक्सचेंज बोनस का इस्तेमाल करके आप इस फोन को फिर से इसकी पुरानी वाली कीमत के आसपास आसानी से खरीद पाएंगे।