रोम/मिलान: विश्व फुटबॉल से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। इटली को 1982 फीफा विश्व कप जिताने वाले और एसी मिलान के महान डिफेंडर फ्रांको बारेसी का 66 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन की पुष्टि एसी मिलान क्लब ने आधिकारिक बयान जारी कर की। हालांकि, क्लब ने उनकी मृत्यु के कारण का खुलासा नहीं किया है।
एसी मिलान ने जताया गहरा शोक
फ्रांको बारेसी के निधन पर एसी मिलान ने भावुक संदेश जारी करते हुए कहा,
“आज सिर्फ एसी मिलान परिवार ही नहीं, बल्कि क्लब का गौरवशाली इतिहास भी शोक में डूबा हुआ है। फ्रांको बारेसी इस क्लब की आत्मा और पहचान थे। उनका समर्पण, ईमानदारी और नेतृत्व आने वाली पीढ़ियों के लिए हमेशा प्रेरणा रहेगा।”
क्लब ने यह भी कहा कि उनकी प्रतिष्ठित नंबर-6 जर्सी हमेशा उनकी विरासत की याद दिलाती रहेगी।
पिछले साल हुई थी फेफड़ों की सर्जरी
रिपोर्ट्स के अनुसार, अगस्त 2025 में फ्रांको बारेसी के फेफड़े में गांठ (Pulmonary Nodule) पाए जाने के बाद उनकी सर्जरी की गई थी। इसके बाद उनका इम्यूनोथेरेपी के जरिए इलाज चल रहा था।
उनकी अंतिम सार्वजनिक उपस्थिति इसी वर्ष फरवरी में मिलान-कोर्टिना शीतकालीन ओलंपिक के उद्घाटन समारोह में रही थी। इस दौरान उन्होंने पूर्व इंटर मिलान खिलाड़ी ज्यूसेपे बर्गोमी के साथ सैन सिरो स्टेडियम में ओलंपिक मशाल लेकर प्रवेश किया था।
20 साल तक सिर्फ एसी मिलान के लिए खेले
फ्रांको बारेसी को फुटबॉल इतिहास के महानतम डिफेंडरों में गिना जाता है। उन्होंने अपने पूरे 20 वर्ष के पेशेवर करियर में केवल एसी मिलान का प्रतिनिधित्व किया।
महज 17 वर्ष की उम्र में क्लब से जुड़ने वाले बारेसी ने एसी मिलान के लिए 700 से अधिक मुकाबले खेले। उनके नेतृत्व में 1980 और 1990 के दशक में क्लब ने घरेलू और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई बड़ी सफलताएं हासिल कीं और विश्व फुटबॉल की सबसे मजबूत टीमों में अपनी जगह बनाई।
1982 विश्व कप जीत में निभाई अहम भूमिका
फ्रांको बारेसी इटली की उस ऐतिहासिक टीम का हिस्सा थे जिसने 1982 फीफा विश्व कप का खिताब अपने नाम किया था। उनकी मजबूत रक्षा पंक्ति, बेहतरीन नेतृत्व और खेल की समझ ने उन्हें दुनिया के सर्वश्रेष्ठ डिफेंडरों की सूची में शामिल कर दिया।
नंबर-6 जर्सी हमेशा के लिए हुई थी रिटायर
फ्रांको बारेसी के शानदार योगदान को सम्मान देते हुए एसी मिलान ने 1997 में उनके संन्यास के बाद उनकी नंबर-6 जर्सी को हमेशा के लिए रिटायर कर दिया था। यह फैसला इटली के फुटबॉल इतिहास में अपनी तरह का पहला और बेहद सम्मानजनक कदम माना जाता है।
फुटबॉल जगत में शोक की लहर
फ्रांको बारेसी के निधन से अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल जगत में शोक की लहर दौड़ गई है। उन्हें केवल एक महान खिलाड़ी ही नहीं, बल्कि खेल भावना, अनुशासन और नेतृत्व का प्रतीक माना जाता था। उनके योगदान को फुटबॉल इतिहास में हमेशा याद किया जाएगा।
उनके निधन के साथ विश्व फुटबॉल ने अपने सबसे सम्मानित और प्रेरणादायक डिफेंडरों में से एक को खो दिया है।