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वो एक मदरसा था जहां दी जाती थी दीनी तालीम….लेकिन वहां होता था कुछ ऐसा कि आधी रात को बचकर भागे तीन मासूम

मदरसा जिसके बारे में कहा जाता है कि वहां पर शिक्षा की तालीम दी जाती है लेकिन अब इसी मदरसे से एक खबर सामने आ रही है जो कि वाकई में ही हैरान कर देने वाली है! मदरसा कहने को तो शिक्षा का केंद्र है लेकिन वहां पर बच्चों को इतना प्रता ड़ित किया गया कि वहां से बच्चे भागने के लिए मजबूर हो गए! महोबा के प्रेम नगर स्थित मदरसा में पि टाई की वजह से 3 बच्चे रात में करीब 2:00 बजे भाग गई! ऐसे में महोबा से लखनऊ जा रही डिपो बस में 3:00 बजे वह रवाना हो गए उधर मदरसा से बच्चों के गायब होने पर खलबली मच गई!

उत्तर प्रदेश के महोबा जिले में मदरसे में रहने वाले 3 बच्चे हो फरार हो गए! जानकारी के अनुसार बिना मान्यता संचालित मदरसा जामिया इस्लामिया दारुल उलूम में पढ़ रहे बिहार के अररिया जिले के जुरावरगंज निवासी 3 बच्चे मौलवी के द्वारा पि टाई के चलते आधी रात को मदरसे से भाग निकले! दरअसल कक्षा दो में पढ़ने वाले इन तीनों बच्चों ने बताया है कि याद नहीं होने पर मौलवी उनको मा रते हैं जिसके बाद बच्चे वहां से भाग गए!

वही उनके अभिभावकों से बात करने पर अभी महोबा आने में असमर्थ था जब उन्हें मदरसे में ही रहने देने की बात कही गई है इस पर मौलवी ने लिखित लेकर बच्चे उन को सौंप दिए गए हैं! वहीं कलेक्टर सत्येंद्र कुमार ने बच्चों की पि टाई और भागने के मामले की जांच जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी को लेकर 3 दिन में रिपोर्ट मांगी गई है!

इस पर वह तत्काल महोबा रोडवेज डिपो पहुंचे तो वहां कानपुर जा रही बस में बैठकर जाने की जानकारी मिली! इसपर संबंधित बस परिचालक अनिल यादव को फोन करके उन्हें वापस लाने को कहा! मंगलवार दोपहर करीब एक बजे दूसरी बस के परिचालक देवेंद्र यादव और चालक वकील अहमद उन्हें लेकर महोबा डिपो आए! डिपो के एआरएम हेमंत मिश्र व सदर कोतवाली प्रभारी बलराम सिंह की मौजूदगी में मौलवी ने बच्चों की पि टाई की बात स्वीकारी! कोतवाली प्रभारी के मुताबिक, मौलवी ने पत्र में लिखा है कि तीनों बच्चों को परेशानी नहीं होने देंगे! इस मामले में प्रेम नगर में मदरसा दारुल उलूम में बच्चों के उत्पी ड़न का मामला संज्ञान में आया है! तीनों बच्चे इसी वजह से भागे थे! अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी को जांच सौंपी है!

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